Thursday, February 12, 2026
बढ़नी

कपिलवस्तु: कृष्णनगर भंसार कार्यालय में सुरक्षा एजेंसियों की संयुक्त बैठक, सीमा पर स्थिति सामान्य , स्कूल से दूर हुवे छात्र , भारतीय क्षेत्र में दो सौ ट्रक नेपाल जाने के इन्तेजार में

परमात्मा उपाध्याय की रिपोर्ट 

बढ़नी, सिद्धार्थ नगर: नेपाल के कपिलवस्तु जिले के प्रमुख जिलाधिकारी (सीडीओ) दिल कुमार तामांग ने आज अपने दल-बल के साथ कृष्णनगर बॉर्डर का दौरा किया और सीमा क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने कृष्णनगर कस्टम कार्यालय में सुरक्षा एजेंसियों के साथ एक विशेष बैठक कर जिले की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की।

नेपाल में ‘जेन जी’ आंदोलन के बाद उपजे अशांत माहौल के तेजी से सामान्य होने पर, प्रशासन जनता में सुरक्षा की भावना मजबूत करने के लिए सक्रिय है। इसी क्रम में, सीडीओ दिल बहादुर तामांग और एसपी निरंजन भट्ट ने सीमा क्षेत्र का दौरा किया। उन्होंने बॉर्डर पर वाहनों की जांच और आवागमन की स्थिति का निरीक्षण किया और मातहत अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

कृष्णनगर भंसार कार्यालय में हुई बैठक में, सीडीओ ने सभी सुरक्षा प्रमुखों और भंसार प्रमुख के साथ जिले में अब तक की स्थिति की समीक्षा की। बैठक के बाद, उन्होंने संवाददाताओं से बातचीत में बताया कि आज दिन भर जिले में कहीं भी कोई प्रदर्शन या झड़प नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि प्रदर्शनकारियों, सुरक्षा एजेंसियों और अन्य सभी संबंधित पक्षों के सहयोग से स्थिति पूरी तरह शांत है।

नेपाल में बिगड़ते हालात, छात्रों की पढ़ाई ठप; सीमा पर ट्रकों की कतार

नेपाल में हाल के आंदोलन के कारण स्थिति बिगड़ती जा रही है, जिसका सीधा असर आम जनजीवन पर पड़ रहा है। यहाँ इस संबंध में 10 मुख्य बिंदु दिए गए हैं: नेपाल में चल रहे ‘जेन जी’ आंदोलन के कारण कई इलाकों में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है। इस बिगड़ती सुरक्षा व्यवस्था के चलते छात्रों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए स्कूल बंद कर दिए गए हैं। स्कूल बंद होने से छात्रों की पढ़ाई पर बुरा असर पड़ रहा है। बढ़नी (सिद्धार्थ नगर) में नेपाल जाने वाले ट्रकों की लंबी कतारें लगी हैं। पिछले तीन दिनों से करीब 200 ट्रक सीमा पार करने का इंतजार कर रहे हैं। ट्रकों के फंसे होने से व्यापार और वस्तुओं की आपूर्ति पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है। यह स्थिति न केवल नेपाल के लिए, बल्कि भारत के सीमावर्ती व्यापार के लिए भी चिंता का विषय है। नेपाल सरकार और सुरक्षा एजेंसियां स्थिति को सामान्य करने के लिए लगातार प्रयास कर रही हैं। स्थानीय प्रशासन ने निषेधाज्ञा (कर्फ्यू) लागू की है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके।

उम्मीद है कि जल्द ही स्थिति सामान्य होगी और यातायात बहाल होगा, जिससे छात्रों और व्यापारियों दोनों को राहत मिलेगी।

एहतियात के तौर पर, सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक निषेधाज्ञा लागू की गई है, जिसे स्थिति सामान्य रहने पर हटाया जा सकता है। पुलिस, एपीएफ और सेना की टुकड़ियाँ संवेदनशील स्थानों पर तैनात हैं और कड़ी निगरानी रख रही हैं। सीडीओ ने चेतावनी दी कि लूट, हिंसा और आगजनी जैसी घटनाओं को अंजाम देने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

बैठक में एसपी निरंजन भट्ट, सैन्य अधिकारी, भंसार चीफ, डीएसपी (एपीएफ), इंस्पेक्टर ईश्वर लौडारी, एसएसआई और लिंक गेट इंचार्ज सहित कई अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।