रिपोर्ट: परमात्मा प्रसाद उपाध्याय कपिलवस्तु, नेपाल
नेपाल के सीमावर्ती जनपद कपिलवस्तु स्थित शिवराज नगरपालिका-1, धानखोला में महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर दो दिवसीय भव्य मेले और विविध सांस्कृतिक कार्यक्रमों का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस अवसर पर विशाल भंडारे और मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया।
विकास के लिए केंद्र और प्रदेश का सहयोग अनिवार्य
कार्यक्रम को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए नेशनल असेंबली की डिप्टी स्पीकर (राष्ट्रीय सभा उपाध्यक्ष) बिमला घिमिरे ने शिवगढ़ी के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, “शिवगढ़ी केवल शिवराज नगरपालिका की संपत्ति नहीं है, बल्कि यह पूरे कपिलवस्तु जिले का एक महत्वपूर्ण धार्मिक और पर्यटकीय केंद्र है। इसके संरक्षण और सर्वांगीण विकास के लिए केंद्र एवं प्रदेश सरकार का समन्वित सहयोग अपरिहार्य है।” उन्होंने इस क्षेत्र के विकास के लिए हरसंभव सहायता का आश्वासन भी दिया।
उपेक्षा पर जताई चिंता
लुम्बिनी प्रदेश सभाध्यक्ष तुलाराम घर्ती और सांसद बलराम अधिकारी ने शिवगढ़ी के सामरिक, ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्व को रेखांकित किया। उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि उचित प्रचार-प्रसार और प्रभावी पैरवी के अभाव में यह स्थल अब तक एक बड़े पर्यटकीय हब के रूप में विकसित नहीं हो सका है।
वहीं, प्रदेश सभा सदस्य अर्जुन केसी ने पुरातत्व विभाग की कार्यशैली पर कड़ा आक्रोश व्यक्त किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि शिवगढ़ी मंदिर तक श्रद्धालुओं की सहज पहुंच सुनिश्चित करने के लिए धानखोला और रमवादह, दोनों मार्गों को तत्काल व्यवस्थित और विकसित करने की आवश्यकता है। ज्ञापन पत्र और सम्मान समारोह
आयोजन के दौरान मंदिर व्यवस्थापन समिति के अध्यक्ष दिनेश पुन ने शिवगढ़ी और धानखोला के विकास से संबंधित एक मांग पत्र उपाध्यक्ष बिमला घिमिरे को सौंपा। कार्यक्रम में शिवराज नगरपालिका के मेयर अजय थापा और बिजयनगर गांव पालिका के अध्यक्ष गोपाल बहादुर थापा ने भी अपने विचार रखे।
समारोह के अंत में पत्रकारिता और समाज सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले वरिष्ठ पत्रकार अजय प्रताप गुप्त, जयप्रकाश बंसल, धनंजय सिंह, पिंटू गोयल और चिंता परियार को स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन पत्रकार माधव बेल्वासे ने किया।